स्वतंत्र मजदुर युनियन के प्रस्तावित केंद्रीय कार्यकाल निर्माण महात्मा ज्योतिबा फुले कामगार भवन का कार्य शुभारंभ 6 ऑक्टोबर 2026 को हुआ.

1978 मे महाराष्ट्र के बिजली मंडळ मे आंबेडकर राईट युनियन मुमेंट का पौधा लगाया गया,यह पौधा फुलने फलने के बाद उसका दायरा देश के हर राज्य तक पहुचा. फिर रमेश रंगारी साहब जैसे बुद्धीजिवीने ने इस पौधे को हर क्षेत्र हर उद्योग हे पहुचाने का सपना देखा, इस सपने को साकार करने का कार्य 2003 मे आंबेडकराईट मजदूर आंदोलन के पुरोधा जे. एस पाटील साहाब इन्होने किया जो अब अकेले ही इस मोमेंट का झेंडा पकडकर चल पडे,तब भारत के मजदूर आंदोलन मे एक नये क्रांती की लहर जाग उठी. लोक जुडते गये और कारवा बढता गया. आज तकरीबन देश के सभी उद्योग और सरकारी आस्थापना तथा सार्वजनिक उद्योग मे स्वतंत्र मजदूर युनियन की नीव रखी जा चुकी है, इस देश का मजदूर आंदोलन सिर्फ और सिर्फ फुले,शाहू,पेरियारऔर बाबासाहेब आंबेडकर इनके विचारो पर चलकर ही सफलता प्राप्त कर सकता है,यह दृड विश्वास भारत के मजदूर मे बढता जा रहा है. बडे कठीनाईयो का सामना व्यवस्था के साथ साथ यथास्थितीवादी और रूढीवादी कामगार संघटनो से करने के बाद आज तकरीबन सभी प्रमुख राज्यो मे स्वतंत्र मजदूर युनियन अपनी रहा अपना अस्तित्व स्थापित कर चुकी है. इसके लिए कई पदाधिकारी और कार्यकर्ताओ ने अपने जान की बाजी लगाकर व्यवस्था को बदलने के लिये इस परिवर्तनवादी क्रांती मे खुद को झोक दिया है, उसी का फल यह है कि नागपूर जैसे संवेदनशील शहर मे स्वतंत्र मजदूर युनियन का केंद्रीय कार्यालय और महात्मा ज्योतिबा फुले कामगार भवन साकार होने जा रहा है.
यह रास्ता इतना आसान नही था. यह रास्ता एक सपने जैसे था,यह सपना आंबेडकरवादी मजदूर आंदोलन के कर्णधार जे. एस.पाटील साहाब उन्होने देखा था, और जब ये सपना देखते है. तो उसे साकार करने की भी हिम्मत रखते है, इस सपने को साकार करने के लिए करने के लिए उन्होने सभी संलगनीत युनियनसे अपील की उसे प्रतिसाद भी मिला लेकिन सही सीमा उठाया व महाराष्ट्र के पिछडा वर्ग बिजली कर्मचारी युनियन के जंबाज सिपाईयो ने,पाटील साहाब का मूहसे निकला बात को हर हालत मे साकार करने के लिए अनेक ज्ञात अज्ञात कर्मचारी अधिकारी सामने आते है, आर्थिक मदत के साथ साथ है प्रकार का कार्य की सफलता के लिए हमेशा तयार रहते है, ऐसे ही जंबाज सिपाहियो ने इस भवन निर्माण का तकरीबन आधा हिस्सा पार कर लिया है, उम्मीद है की स्वतंत्र मजदूर युनियन से जुडी बाकी युनियन भी अपना संतोषजनक आर्थिक ऐसा इस पवित्र कार्य की पूर्ती के लिए देने के लिए प्रेरित होंगे. “मुश्किकाल का पत्थर तराशने के बाद जो हिरा निकलता है उसे कामयाबी कहते है.”
और इस कामयाबी को हासिल करने के लिये आंबेडकर राईट मजदुर आंदोलन को स्थापित करने की चाह रखने वाले लोग आगे आयेंगे.

केंद्रीय कार्यालय का कार्य शुभारंभ समारोह. मंगळवार दिनांक 6 ऑक्टोबर 2026 सुबह 11 बजे, माऊली नगर, नंबर 18, शंकरपूर,नागपूर. मे स्वतंत्र मजदुर युनियन के राष्ट्रीय अध्यक्ष मान. जे.एस.पाटील.साहब इनके करकमलो द्वारा और सन्माननीय अतिथी गण मान. ए.व्ही.किरण राष्ट्रीय महासचिव-स्वतंत्र मजदुर युनियन, मान.डॉ.के.पी.स्वामीनाथन, वरिष्ठ राष्ट्रीय उपाध्यक्ष -स्वतंत्र मजदुर युनियन, मान.एन.बी.जारोंडे, राष्ट्रीय उपाध्यक्ष -स्वतंत्र मजदुर युनियन, मान. विकास गौर राष्ट्रीय उपाध्यक्ष – स्वतंत्र मजदुर युनियन, मान.डॉ.संजय घोडके केंद्रीय अध्यक्ष महाराष्ट्र राज्य मागासवर्गीय विद्युत कर्मचारी संघटना. स्वतंत्र मजदुर युनियन से संलग्नित सभी संघटनो के केंद्रीय पदाधिकारी और कार्यशील कार्यकर्ता के उपस्थिती मे संपन्न हुवा.

